वायु मार्ग
पंडित दीनदयाल उपाध्याय हवाई अड्डा, आगरा (~70 किमी) या इंदिरा गांधी अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा, नई दिल्ली (~150 किमी)।
॥ यात्रा मार्गदर्शिका ॥
श्रद्धालुओं व पर्यटकों के लिए व्यावहारिक जानकारी
पंडित दीनदयाल उपाध्याय हवाई अड्डा, आगरा (~70 किमी) या इंदिरा गांधी अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डा, नई दिल्ली (~150 किमी)।
मथुरा जंक्शन (MTJ) — 14 किमी। वहाँ से ऑटो, ई-रिक्शा या टैक्सी उपलब्ध।
दिल्ली-आगरा यमुना एक्सप्रेसवे और NH-19 से बेहतरीन कनेक्टिविटी।
मावा और इलायची से निर्मित विश्वप्रसिद्ध मिठाई।
हींग वाली उड़द दाल कचौड़ी, आलू की तीखी सब्जी और केसरिया जलेबी का प्रातःकालीन नाश्ता।
कुल्हड़ वाली गाढ़ी रबड़ी और माखन मिश्री का प्रसाद।
वृंदावन में बंदर बहुत चंचल हैं। चश्मा, मोबाइल, पर्स और थैलियाँ संभालकर रखें।
अधिकांश मंदिर दोपहर 12:00 से शाम 4:00/4:30 तक बंद रहते हैं। योजना सुबह 6:00–11:30 और शाम 5:00–9:00 के बीच बनाएं।
पवित्र धाम की मर्यादा के अनुरूप सादा एवं मर्यादित वस्त्र पहनें।
गलियाँ संकरी हैं — निजी वाहन बाहर पार्किंग में खड़ा कर ई-रिक्शा का उपयोग करें।
🚩 कुल दूरी: लगभग 10–12 किलोमीटर।
🚩 मार्ग: इस्कॉन मंदिर → कालीदह → केशी घाट → टटिया स्थान → अटल्ला चुंगी → पुनः आरंभ बिंदु।
🚩 समय: प्रातः 4:00 बजे से या संध्याकाल में नंगे पैर परिक्रमा करने का विशेष विधान है।
निकटतम रेलवे स्टेशन मथुरा जंक्शन (14 किमी) है। दिल्ली से यमुना एक्सप्रेसवे पर ~150 किमी, आगरा से ~70 किमी। मथुरा से ई-रिक्शा व टैक्सी उपलब्ध।
अक्टूबर से मार्च सबसे अच्छा मौसम है। जन्माष्टमी, होली, कार्तिक और झूलन यात्रा के दौरान धाम का वैभव अपने चरम पर होता है।
गिरिराज गोवर्धन परिक्रमा लगभग 21 किलोमीटर (14 मील) की है — जतीपुरा मुखारविंद, मानसी गंगा, कुसुम सरोवर व पुंछरी का लोटा होकर।
चश्मा, मोबाइल व पर्स सुरक्षित रखें — बंदर चश्मा उठा ले जाते हैं। उन्हें खाना न दें और आँखों में आँखें मत मिलाएं।